वो जो कभी मेरा था ❤️ | दर्दभरी अधूरी प्रेम कहानी कविता | Deep Emotional Hindi Love Poem

❤️ वो जो कभी मेरा था

(एक गहरी भावनाओं से भरी प्रेम कविता)

वो जो कभी मेरा था


वो जो कभी मेरा था,

आज किसी और की दुनिया का हिस्सा है,

लेकिन मेरी यादों की गलियों में

वो अब भी वैसा ही चलता है —

धीमे कदमों से,

मुस्कुराहट के साथ,

जैसे समय ने उसे छुआ ही न हो।


कभी-कभी रात के सन्नाटे में

जब खिड़की से चाँद अंदर झाँकता है,

मैं महसूस करती हूँ

कि वो पास ही कहीं बैठा है,

मेरे सवालों को सुन रहा है,

मेरे खामोश शब्दों को समझ रहा है।


हमारा प्यार कोई तूफान नहीं था,

बस एक धीमी बहती नदी था —

जिसके किनारे हम बैठे रहते थे,

बिना कुछ कहे,

सिर्फ एक-दूसरे को महसूस करते हुए।


मुझे याद है वो पहली मुलाकात,

जब हवा में हल्की सी ठंडक थी,

और उसने मेरी तरफ देखकर

एक ऐसी मुस्कान दी थी

जो दिल के अंदर तक उतर गई थी।


उस दिन से लेकर

हर छोटी बात में उसका नाम था —

चाय की खुशबू में,

बारिश की पहली बूंद में,

और उन रास्तों में

जहाँ हम साथ चले थे।


कभी सोचा नहीं था

कि वक्त इतना बदल जाएगा,

कि एक दिन

वो मेरी कहानी का हिस्सा रह जाएगा

और किसी और की जिंदगी का सच बन जाएगा।


मैंने उसे खोया नहीं था,

बस जिंदगी ने उसे

एक अलग मोड़ पर ले जाकर खड़ा कर दिया था।


कभी-कभी लगता है

कि शायद हमने कोशिश कम की,

या शायद किस्मत ने

हमें एक साथ रहने की अनुमति ही नहीं दी।


लेकिन सच यह है —

कि कुछ प्यार

मिलने के लिए नहीं होते,

बस महसूस करने के लिए होते हैं।


उसकी आवाज अब भी

मेरे कानों में गूंजती है,

जैसे कोई अधूरी धुन

जो खत्म होने से पहले ही रुक गई हो।


मैंने उसे भुलाने की कोशिश की,

नई यादें बनाई,

नई राहों पर चली,

लेकिन दिल के एक कोने में

वो हमेशा बैठा रहा —

चुपचाप, बिना शिकायत के।


जब मैं भीड़ में खो जाती हूँ,

तो अचानक कोई हंसी,

कोई नजर,

कोई चाल

उसकी याद दिला देती है।


और मैं पल भर के लिए

वापस उसी समय में चली जाती हूँ,

जहाँ सब कुछ आसान था,

जहाँ प्यार में कोई डर नहीं था।


वो जो कभी मेरा था,

अब किसी और का है,

लेकिन क्या प्यार सच में

कभी किसी का होता है?


शायद हम सिर्फ

कुछ पलों के लिए

एक-दूसरे के हमसफर बनते हैं।


मुझे याद है

वो शाम जब हम चुप बैठे थे,

सूरज ढल रहा था,

और उसने कहा था —

“अगर हम कभी दूर हो गए

तो याद रखना

कि मैंने तुम्हें सच में चाहा था।”


तब मैंने हंसकर कहा था —

“हम कभी दूर नहीं होंगे।”


कितनी अजीब बात है,

कुछ वादे वक्त के सामने

इतने छोटे हो जाते हैं।


अब जब भी मैं

सूरज को ढलते हुए देखती हूँ,

उसकी आवाज

हवा के साथ लौट आती है।


मैंने उसे रोका नहीं,

क्योंकि प्यार कभी कैद नहीं करता,

प्यार तो आजाद करता है —

चाहे उस आजादी में

अपनी तन्हाई ही क्यों न हो।


कभी-कभी सोचती हूँ

अगर हम साथ रहते

तो क्या सच में खुश होते?

या फिर जिंदगी

हमारे बीच भी

कोई नई दूरी बना देती?


शायद कुछ रिश्ते

यादों में ज्यादा खूबसूरत होते हैं

हकीकत से भी ज्यादा।


उसकी हंसी,

उसकी आंखों की चमक,

उसके हाथों की गर्माहट —

सब कुछ अब भी मेरे अंदर जिंदा है।


मैंने उसे जाने दिया,

लेकिन उससे जुड़ी हर भावना

मेरे दिल की धड़कन बन गई।


वो अब किसी और की सुबह है,

किसी और की रातों का सुकून,

और मैं —

बस उसकी पुरानी कहानी का

एक अध्याय।


लेकिन मुझे शिकायत नहीं,

क्योंकि प्यार का मतलब

हमेशा साथ रहना नहीं होता,

कभी-कभी दूर रहकर भी

किसी को पूरी तरह चाहना होता है।


आज भी जब बारिश होती है,

मैं अनजाने में

उसका नाम लिख देती हूँ

खिड़की के शीशे पर।


फिर मुस्कुरा देती हूँ —

क्योंकि कुछ यादें

मिटाने के लिए नहीं होतीं।


वो जो कभी मेरा था,

अब मेरी दुआओं में रहता है।


मैं उसके लिए खुशियाँ मांगती हूँ,

बिना यह चाहे

कि वो वापस लौट आए।


क्योंकि असली प्यार

वापसी की उम्मीद नहीं करता,

बस सच्चाई से

दिल में जगह बनाए रखता है।


समय बीतता जा रहा है,

लेकिन कुछ एहसास

कभी बूढ़े नहीं होते।


वो मेरी जिंदगी का

सबसे खूबसूरत अधूरा गीत है —

जो खत्म नहीं हुआ,

बस धीमे-धीमे

मेरी रूह में गूंजता रहता है।

वो जो कभी मेरा था


और शायद यही सच है —

कि कुछ लोग

हमारी जिंदगी में आते हैं

हमें पूरा करने के लिए नहीं,

बल्कि हमें गहराई से महसूस करना सिखाने के लिए।


वो जो कभी मेरा था…

आज भी मेरी कहानी का

सबसे खूबसूरत हिस्सा है।

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